गुरुवार, 5 मई 2011

इनको नफा होगा या नुकसान ?

.
.
.

अमेरिका के हाथों ओसामा बिन लादेन के मारे जाने के बाद वरिष्ठ कांग्रेस नेता दिग्विजय सिंह, जो मिशन २०१४ के लिये राहुल गाँधी के चाणक्य भी कहे जाते हैं, की बयानबाजी हम सभी देख रहे हैं...

मेरा आज का सवाल है कि उनकी इस बयानबाजी से उनकी पार्टी को लाभ होगा या हानि ?

कुछ अंदाजा है तो बताइये...





...

4 टिप्‍पणियां:

ajit gupta ने कहा…

पहली बात तो उन्‍हें चाणक्‍य मत कहिए, कोई और शब्‍द ढूंढिए। मुझे तो लगता है कि कांग्रेस हमेशा से ही कुटिलता से ही जीतती आयी है, यही कारण है कि वो हमेशा उन लोगों को ज्‍यादा आगे रखती है जो ऐसे अनर्गल बयान देकर लोगों में भ्रम पैदा करें। मेरी राय में आज भारत का मुसलमान समझदार हो गया है और उसे समझ आना चाहिए कि दिग्विजय सिंह के बयान के मायने क्‍या हैं?

योगेन्द्र पाल ने कहा…

होना तो नुकसान ही चाहिए पर मुझे लगता है कि कुछ फर्क नहीं पड़ेगा, क्यूंकि अभी चुनाव बहुत दूर हैं, तब तक लोग सब कुछ भूल जायेंगे

DR. ANWER JAMAL ने कहा…

बहन अजीत गुप्ता जी से सहमत तो हुआ जा सकता है कि मुसलमान अपेक्षाकृत समझदार हुआ है लेकिन साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि हमारे नेता भी उसी अनुपात में समझदार हुए हैं। वे भरमाने का कोई मौक़ा चूकते ही नहीं हैं।

http://pyarimaan.blogspot.com/

ज़ाकिर अली ‘रजनीश’ ने कहा…

बेसिरपैर की बयानबाजी।

---------
समीरलाल की उड़नतश्‍तरी।
अंधविश्‍वास की शिकार महिलाऍं।